कृषि

तीन दिनों में होगी 1.07 मी. टन धान की खरीदी, कवर्धा में हैंं 9220 टोकन

27158 टोकनधारी किसान नहीं बेच पाए है धान 19 मार्च तक होगी धान खरीदी नारायण भोई रायपुर, मुख्यमंत्री द्वारा विधान सभा में किये गए घोषणा के अनुसार किसानों के बचे हुए टोकन के आधार पर धान की खरीदी शुरू हो गई है। 283 टोकन से अब तक 9502.5 मी. टन धान की खरीदी हो चुकी है। 19 मार्च तक धान खरीदी की जाएगी। प्रदेश में सर्वाधिक 9220 टोकन से करीब 355243. 61मी. टन धान कवर्धा जिले से खरीदी जानी है। बेमेतरा जिला दूसरे नंबर पर है जहां 8481 टोकन से 338722.24 मी. टन धान खरीदा जाना है। इस तरह से 3 दिनों में 1.07लाख मी. टन धान खरीदना है।

खरीफ विपणन सीजन में 1 दिसंबर से 15 फरवरी तक धान खरीदी का निर्णय लिया गया था, बाद में 5 दिन की बृद्धि करते हुए 20 फरवरी तक धान खरीदी की गई। इसके बाद भी कई किसान धान नहीं बेच पाए थे। कई किसानों के पास धान बेचने के लिए टोकन भी थे, लेकिन बारिश एवं अन्य कारणों से धान नहीं बेच पाए थे। इसके चलते किसानों ने जगह-जगह प्रदेश भर में विरोध प्रदर्शन भी किया था, जिस पर सरकार ने टोकन के आधार पर धान खरीदने का निर्णय लिया।

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने विधानसभा में टोकनधारी किसानों से धान खरीदने की घोषणा की।कलेक्टरों द्वारा टोकनों का परीक्षण के बाद अब टोकनधारी किसानों से धान खरीदी की जा रही है। प्राप्त आंकडों के अनुसार करीब 27158 टोकनधारी किसान धान नहीं बेच पाए है, जिनसे अब धान खरीदना है।धान की यह मात्रा करीब 1074790.06 मी. टन है। 16 मार्च को पहले दिन 283 टोकनधारी किसान भाइयों के 9502.5 मी. टन धान खरीदी की गई। धान की खरीदी 19 मार्च तक की जाएगी। पहले 82 लाख 82 हजार मी. टन धान की खरीदी की गई थी। अब कुल धान की खरीदी 83 लाख 89 हजार मी. टन हो जाएगी।

फिर से सामने आया सरकार का झूठ: चन्द्राकर
भारतीय जनता पार्टी किसान मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष पूनम चन्द्राकर ने धान खरीदी के मुद्दे पर प्रदेश सरकार के दावों को एक बार फिर कोरा झूठ करार दिया है। श्री चन्द्राकर ने कहा कि बेमेतरा के संबलपुर धान खरीदी केन्द्र में अब भी अनेक टोकन प्राप्त किसान अपना धान नहीं बेच पाए हैं, और अधिकारियों के रवैये से नाराज किसानों ने एसडीएम व समिति प्रबंधक को बंधक बनाकर प्रदेश सरकार के दावों को झूठा साबित कर दिया है।
भाजपा किसान मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष श्री चन्द्राकर ने कहा कि धान खरीदी के मुद्दे पर प्रदेश सरकार शुरू से ही अपनी नाकामी का परिचय देती आ रही है। प्रदेश के किसानों का पूरा धान खरीदने से बचने के हर दांव-पेंच आजमाए गये और अब जबकि प्रदेश सरकार ने 20 फरवरी के बाद टोकनधारी किसानों का धान खरीदने का एलान किया, तब उसके बावजूद अब तक वे किसान अपना धान नहीं बेच पाए हैं और अमूमन पूरे प्रदेश में यही हालात हैं। श्री चन्द्राकर ने कहा कि प्रदेश सरकार किसानों से झूठे दावों के दम पर अपनी वाहवाही करने से बाज आए।

Related Articles

2 Comments

  1. 80920 963553just couldnt leave your web web site before suggesting that I truly loved the normal information a person offer for your visitors? Is gonna be again ceaselessly to check up on new posts 811404

  2. 214528 196375Having read this I thought it was extremely informative. I appreciate you taking the time and effort to put this post together. I once once again locate myself spending strategy to much time both reading and commenting. But so what, it was still worth it! 566716

Leave a Reply

Your email address will not be published.

Back to top button