स्वास्थ्य

कोरोना वायरस की चुनौती के लिए एम्स तैयार

        पृथक वार्ड बनाकर चिकित्सकों और कर्मचारियों को दिया गया विशेष प्रशिक्षण

·        जांच की पर्याप्त सुविधा, इलाज के लिए दवाइयों का स्टॉक उपलब्ध

रायपुर, कोरोना वायरस की चुनौती से जूझने के लिए अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान ने एहतियातन सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं। इसके लिए एक पृथक आइसोलेशन वार्ड बनाकर चिकित्सकों और चिकित्सा कर्मचारियों की नियुक्ति कर दी गई है जिससे कोरोन वायरस का लक्षण पाए जाने पर चंद मिनटों के अंदर उसका इलाज शुरू किया जा सके।

केंद्र सरकार के निर्देशों और राज्य सरकार के अनुरोध के बाद एम्स ने सभी तैयारियों को अंतिम रूप दे दिया है। हालांकि अभी तक एम्स में कोरोना वायरस का कोई भी संदिग्ध मरीज नहीं आया है परंतु अन्य राज्यों में इसके मरीज पाए जाने के बाद छत्तीसगढ़ में भी इसके इलाज की सुविधा उपलब्ध कराना जरूरी हो गया था। एम्स के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. करन पीपरे ने बताया कि एम्स में फेफड़ा एवं क्षय रोग विभागाध्यक्ष डॉ. अजॉय कुमार बेहरा के निर्देशन में एक पृथक वार्ड स्थापित कर दिया गया है।

छह बिस्तरों के इस वार्ड में कोरोना वायरस की जांच, इलाज और इसका संक्रमण रोकने के सभी उपाय किए गए हैं। वार्ड के लिए पर्याप्त मात्रा में दवाइयां का स्टॉक मौजूद है। उन्होंने बताया कि इसके लिए 10 नर्सिंग ऑफिसर, एक अस्सिटेंट नर्सिंग ऑफिसर और पांच अन्य तकनीकी कर्मचारियों को विशेष प्रशिक्षण देकर वार्ड में 24घंटे सेवा प्रदान करने के लिए तैयार कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि कोरोना वायरस के इलाज के लिए एम्स पूरी तरह से तैयार है। इसकी जांच और इलाज के लिए पर्याप्त संसाधन एम्स में उपलब्ध हैं।

निदेशक प्रो. (डॉ.) नितिन एम. नागरकर ने कहा है कि अभी तक छत्तीसगढ़ के अंदर कोरोना वायरस के संक्रमण की कोई जानकारी नहीं मिली है यदि कोई संक्रमित पाया जाता है तो एम्स ऐसे मरीजों के इलाज के लिए तैयार है। उन्होंने प्रदेशवासियों से कोरोना वायरस से बचाव के उपायों को अपनाकर स्वयं को संक्रमित होने से बचाने का आह्वान किया है।

Related Articles

One Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published.

Back to top button