MILK; इस राज्य में दूध 100 रुपए लीटर, देसी घी 1500 किलो तय!, कम रेट पर बेचने पर लगेगा 5100 का जुर्माना

 चंडीगढ, हरियाणा प्रदेश के कई जिलों में दुग्ध उत्पादकों ने दूध के दाम 100 रुपये प्रति किलो करने का निर्णय ले लिया है। शनिवार को कुरुक्षेत्र के बारना गांव में कई नियम तय किए गए। इसी तरह कैथल और जींद के कुछ गांवों में भी ऐसी मांग उठी।

हालांकि, दुग्ध एजेंसियों ने दाम नहीं बढ़ाए हैं। दुग्ध उत्पादकों का तर्क है कि खल-बिनौले, गुड़, तूड़ा और हरे चारे के दामों के अलावा भैंसों के रेट भी बहुत अधिक हो गए है। उनका तर्क है कि दूध के दाम 60 से 80 रुपये तक ही मिल रहे हैं। बैठक में दूध के दाम बढ़ाने और गांव के सभी दूध विक्रेताओं द्वारा इन्हीं दामों पर दूध-घी बेचने पर सहमति जताई।

मखन सिंह ने बताया कि बैठक में भैंस का दूध 100 रुपये और गाय का दूध 80 रुपये प्रति किलोग्राम के हिसाब से बेचे जाने का निर्णय लिया। भैंस का घी 1500 रुपये प्रति किलोग्राम, जबकि गाय का घी 2200 रुपये प्रति किलोग्राम ही बेचा जाएगा। इससे कम दामों पर बेचेगा तो उस पर 5100 रुपये का जुर्माना लगेगा।

इस वजह से लिया रेट बढ़ाने का फैसला

कैथल के धनौरी में भी पशुपालकों ने दूध के दाम बढ़ाने पर चर्चा की। भैंस का दूध 100 रुपये प्रति लीटर करने का सामूहिक निर्णय लिया गया है। जींद के सिरसा खेड़ी गांव में कुछ पशुपालकों ने अपने स्तर पर दूध के रेट बढ़ाने का फैसला लिया था।हालांकि गांव में ये फैसला लागू नहीं हुआ। कुछ पशुपालकों के साथ मिलकर भैंसके दूध के रेट 100 रुपया प्रति लीटर करने का फैसला किया था, लेकिन बाकी पशु पालक पहले वाले रेट पर ही दूध बेचते रहे। जिससे उनका फैसला लागू नहीं हो पाया। गांव की सरपंच कविता देवी ने कहा कि गांव में दूध के रेट बढ़ाने का कोई फैसला नहीं लिया है। जो रेट चल रहे हैं, उसी के हिसाब से दूध बिक रहा है।

पशुपालकों ने गांव स्तर पर यूनियन बना कर दी घोषणा

हांसी में ग्रामीण पशुपालकों ने गांव स्तर पर अपनी यूनियन बनाकर दूध और घी के दामों में बढ़ोतरी करने का ऐलान किया है। 5 सितंबर से गाय का दूध 80 रुपये और भैंस का दूध 100 रुपये प्रति लीटर बेचने का निर्णय लिया गया है। वहीं, गांव में फ्री मिलने वाली लस्सी का रेट भी 20 रुपये प्रति लीटर तय किया गया है। यह मुहिम हांसी क्षेत्र के गांव भैणी अमीरपुर से शुरू हुई है। इसके बाद राजथल और थुराना के पशुपालकों ने भी एकजुट होकर यह निर्णय लिया है। तय रेट से कम पर दूध बेचने वाले पशुपालक पर जुर्माना लगाने की बात भी कही गई है।

  • Narayan Bhoi

    Narayan Bhoi is a veteran journalist with over 40 years of experience in print media. He has worked as a sub-editor in national print media and has also worked with the majority of news publishers in the state of Chhattisgarh. He is known for his unbiased reporting and integrity.

    Related Posts

    HC; कृषि विभाग के कर्मचारियों का बढ़ सकता है वेतन-भत्ता!, हाईकोर्ट में सरकार ने दी बड़ी जानकारी

     रायपुर, छत्तीसगढ़ में कृषि विभाग के कर्मचारियों के वेतन और अन्य पारिश्रमिक में बढ़ोतरी का मामला हाईकोर्ट पहुंचा है। 18 सितंबर 2026 को बिलासपुर हाईकोर्ट में इस मामले पर अहम…

    COLLEGE; ज्ञान से खेत तक- खेत से विकास तक, लिंगो मुदियाल कालेज में दीक्षारंभ का आगाज

    0 नवप्रवेशित कृषि विद्यार्थियों को शिक्षा, नवाचार, अनुशासन और किसान सेवा का दिया संदेश नारायणपुर, बस्तर अंचल के लिंगो मुदियाल महाविद्यालय कृषि एवं अनुसंधान केंद्र, केरपाल, नारायणपुर में नवप्रवेशित विद्यार्थियों…

    You Missed

    FILM; अनंत नाग को मिला दादा साहब फाल्के पुरस्कार

    FILM; अनंत नाग को मिला दादा साहब फाल्के पुरस्कार

    FILM; मुसाफिर कैफे.. एक सार्थक सच

    FILM; मुसाफिर कैफे.. एक सार्थक सच

    Hanuman Ansh: फिल्म हनुमान अंश को छत्तीसगढ़ में टैक्स फ्री करने की घोषणा

    Hanuman Ansh: फिल्म हनुमान अंश को छत्तीसगढ़ में टैक्स फ्री करने की घोषणा

    MISS WORLD 2026; MP की निकिता नहीं बन पाईं विश्व सुंदरी, जोहेरी मोला के सिर सजा का ताज, 111 सुंदरियों को दी मात

    MISS WORLD 2026;  MP की निकिता नहीं बन पाईं विश्व सुंदरी, जोहेरी मोला के सिर सजा का ताज, 111 सुंदरियों को दी मात

    CGTB; छत्तीसगढ़ टूरिज्म बोर्ड लगातार दूसरे वर्ष प्रदान करेगा ‘विश्व पर्यटन दिवस पुरस्कार,आवेदन की अंतिम तिथि 15 सितंबर

    CGTB; छत्तीसगढ़ टूरिज्म बोर्ड लगातार दूसरे वर्ष प्रदान करेगा ‘विश्व पर्यटन दिवस पुरस्कार,आवेदन की अंतिम तिथि 15 सितंबर

    ​TOURISM; गंगरेल के ‘मिनी गोवा’ से लेकर रिकॉर्ड जलस्तर तक, धमतरी बन चुका है छत्तीसगढ़ का प्रमुख पर्यटन केंद्र

    ​TOURISM; गंगरेल के ‘मिनी गोवा’ से लेकर रिकॉर्ड जलस्तर तक, धमतरी बन चुका है छत्तीसगढ़ का प्रमुख पर्यटन केंद्र