CGSDC; गर्मी के साथ धान की सिंचाई से छत्तीसगढ में बिजली आपूर्ति व्यवस्था हांफने लगी, यूपी से खरीदी बिजली

*देशभर में बढ़ी बिजली की मांग के बीच छत्तीसगढ़ में पीक आवर्स में बढ़ रहा दबाव

रायपुर, पूरे देश में बिजली की मांग बढ़ने के कारण छत्तीसगढ में भी विद्युत उपलब्धता पर दबाव बना हुआ है। उमस भरी गर्मी, कोयले की उपलब्धता में कमी तथा सभी राज्यों में बढ़ी हुई मांग के कारण छत्तीसगढ में बिजली सप्लाई व्यवस्था हांफने लगी हैं। छत्तीसगढ़ में भी बिजली की मांग तेजी से बढ़ी है, हालांकि अन्य राज्यों की तुलना में यहां स्थिति बेहतर होने का दावा किया जा रहा है। वैसे बीती रात को भी प्रदेश की अतिरिक्त आवश्यकता की पूर्ति के लिए उत्तर प्रदेश से करीब 200 मेगावाट बिजली 10 रुपये प्रति यूनिट की दर से खरीदी गई।

छत्तीसगढ़ में इस समय गहराते बिजली संकट के कारण आम जनता के साथ-साथ किसान और उद्योग जगत दोनों ही भारी परेशानी (हलकान) का सामना कर रहे हैं। बिजली की आपूर्ति में भारी कमी, बार-बार होने वाली ट्रिपिंग और अघोषित कटौती ने राज्य की आर्थिक रफ्तार को धीमा कर दिया है। राज्य के कई हिस्सों में ट्रांसफार्मर जलने की शिकायतें आ रही हैं, जिन्हें समय पर बदला नहीं जा रहा है। साथ ही, ग्रिड का मेंटेनेंस ठीक से न होने के कारण बार-बार ट्रिपिंग की समस्या हो रही है।

फसलों के लिए सिंचाई की सख्त जरूरत

बारिश का मौसम खत्म होने के बाद किसानों को धान और अन्य फसलों के लिए सिंचाई की सख्त जरूरत है। लेकिन अघोषित बिजली कटौती के कारण ट्यूबवेल और पंप नहीं चल पा रहे हैं, जिससे फसलें सूखने की कगार पर हैं। ग्रामीण अंचलों में बिजली आने पर भी वोल्टेज इतना कम रहता है कि सिंचाई पंप काम ही नहीं करते। इससे किसानों में भारी आक्रोश है।

8 से 10 घंटे तक की बिजली कटौती

रायपुर के उरर्ल, सिलतरा और राजनांदगांव जैसे बड़े औद्योगिक क्षेत्रों में 150 से अधिक फैक्ट्रियों को रोजाना 8 से 10 घंटे तक की बिजली कटौती का सामना करना पड़ रहा है। सितंबर के महीने में उद्योगों को लगभग 23 दिन बिजली कटौती झेलनी पड़ी। बिजली कंपनी के अधिकारियों के अनुसार, उत्पादन क्षमता के मुकाबले मांग का अनुपात काफी ज्यादा हो चुका है। मानसून खत्म होने के बाद बढ़ी तेज गर्मी और त्योहारों के कारण बिजली की मांग अचानक काफी बढ़ गई है।

बिजली की मांग में अचानक भारी वृद्धि

एक बयान जारी कर छत्तीसगढ़ स्टेट पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी के प्रबंध निदेशक भीमसिंह कंवर ने बताया कि हाल के दिनों में बिजली की मांग में अचानक भारी वृद्धि दर्ज की गई है। पावर एक्सचेंज में भी बिजली की उपलब्धता सीमित होने तथा ग्रिड की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह अस्थायी स्थिति बनी हुई है। वितरण कंपनी स्थानीय औद्योगिक इकाइयों को हो रही परिचालन समस्याओं से पूरी तरह अवगत है। उन्होंने कहा कि वन नेशन, वन ग्रिड के तहत देश की विद्युत प्रणालियां एकीकृत ग्रिड से जुड़ी हुई हैं। ऐसे में ग्रिड अनुशासन, सुरक्षा और संतुलन बनाए रखना आवश्यक है। विद्युत ग्रिड की सुरक्षा, स्थिरता और संतुलन बनाए रखना पावर कंपनी की सर्वोच्च प्राथमिकता है।

शाम के पीक आवर्स में मांग में अचानक वृद्धि

बिजली की मांग और आपूर्ति के अंतर को दूर करने तथा उद्योगों को अधिकतम बिजली उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक तकनीकी व प्रबंधकीय उपाय प्राथमिकता के आधार पर किए जा रहे हैं।  वितरण कंपनी राज्य के उद्योगों को नियमित विद्युत आपूर्ति के लिए प्रतिबद्ध है।  जल्द से जल्द सुचारू और विश्वसनीय बिजली आपूर्ति बहाल करने के प्रयास किये जा रहे हैं। दिन के समय प्रदेश में बिजली की उपलब्धता पर्याप्त है। शाम के पीक आवर्स में मांग में अचानक वृद्धि होने के कारण कुछ समय के लिए विद्युत व्यवस्था पर दबाव बढ़ता है।  उपलब्ध बिजली का बेहतर प्रबंधन करते हुए सभी श्रेणी के उपभोक्ताओं को बिजली उपलब्ध कराई जा रही है।

औसत मांग करीब 6000 मेगावाट

प्रदेश में वर्तमान औसत मांग करीब 6000 मेगावाट है, इसकी पूर्ति के लिए उपलब्ध बिजली के साथ पावर एक्सचेंज से अतिरिक्त बिजली खरीदी जा रही है। देशभर के सभी राज्यों में मांग अधिक होने के कारण पावर एक्सचेंज में बिजली की उपलब्धता सीमित है। आवश्यकता के अनुरूप अतिरिक्त बिजली मिलना कठिन हो रहा है। बीती रात भी प्रदेश की अतिरिक्त आवश्यकता की पूर्ति के लिए उत्तर प्रदेश से करीब 200 मेगावाट बिजली 10 रुपये प्रति यूनिट की दर से खरीदी गई।धान में सिंचाई के लिए बड़ी संख्या में कृषि पंप संचालित हो रहे हैं। मौसम में परिवर्तन और उमस भरी गर्मी के कारण भी बिजली की खपत बढ़ी है।

देशभर में बिजली की बढ़ी मांग का असर

कंपनी के प्रबंध निदेशक श्री कंवर ने कहा कि वर्तमान परिस्थितियां केवल छत्तीसगढ़ तक सीमित नहीं हैं, बल्कि देशभर में बिजली की बढ़ी मांग का असर विद्युत उपलब्धता पर पड़ा है। छत्तीसगढ़ में उपलब्ध संसाधनों का अधिकतम उपयोग करते हुए अतिरिक्त बिजली की खरीद के प्रयास किए जा रहे हैं। सभी श्रेणी के उपभोक्ताओं की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए विद्युत आपूर्ति व्यवस्था संचालित की जा रही है।

मांग और उपलब्धता की स्थिति पर लगातार नजर

उन्होंने कहा कि विद्युत कंपनी की प्राथमिकता विद्युत प्रणाली को सुरक्षित और स्थिर बनाए रखते हुए उपभोक्ताओं को अधिकतम संभव बिजली उपलब्ध कराना है। मांग और उपलब्धता की स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है तथा आवश्यकता के अनुसार बिजली की अतिरिक्त व्यवस्था के प्रयास किए जा रहे हैं।

  • Narayan Bhoi

    Narayan Bhoi is a veteran journalist with over 40 years of experience in print media. He has worked as a sub-editor in national print media and has also worked with the majority of news publishers in the state of Chhattisgarh. He is known for his unbiased reporting and integrity.

    Related Posts

    NAXALITE; डिप्टी सीएम विजय शर्मा की हिदायत-नक्सल प्रकरणों की वापसी के लिए 15 दिनों में जिला समितियों की बैठक करें

    *गंभीर अपराध, जनहानि और यूएपीए से संबंधित मामलों को छोड़कर अन्य पात्र प्रकरणों की वापसी पर जोर* रायपुर, उप मुख्यमंत्री एवं गृह मंत्री विजय शर्मा ने आज महानदी भवन, नवा…

    UCC; लिव-इन के पंजीयन, पैतृक संपत्ति में बराबरी और भरण-पोषण पर एक समान कानून की मांग

    *यूसीसी पर महिलाओं ने रखी बेबाक राय* रायपुर, छत्तीसगढ़ महिला मंच और महाराष्ट्र मंडल महिला समिति की पदाधिकारियों व सदस्यों ने समान नागरिक संहिता समिति के समक्ष विवाह, विवाह-विच्छेद, भरण-पोषण,…

    You Missed

    DEATH; नाना पाटेकर का अंतिम संस्कार आज, पुणे स्थित फार्महाउस में राजकीय सम्मान संग होगी अंतिम विदाई

    DEATH; नाना पाटेकर का अंतिम संस्कार आज, पुणे स्थित फार्महाउस में राजकीय सम्मान संग होगी अंतिम विदाई

    SONG; ‘आसू झरत हे दाई’ 11 अक्टूबर के होगी रिलीज, निर्माता शिव पटेल की भक्ति गीत

    SONG; ‘आसू झरत हे दाई’ 11 अक्टूबर के होगी रिलीज, निर्माता शिव पटेल की भक्ति गीत

    TOURISM; ठेकेदारों और निर्माण एजेंसियों से नाराजगी, भोरमदेव कॉरिडोर के निर्माण में तेजी लाने कड़े निर्देश

    TOURISM; ठेकेदारों और निर्माण एजेंसियों से नाराजगी, भोरमदेव कॉरिडोर के निर्माण में तेजी लाने कड़े निर्देश

    FILM; अनंत नाग को मिला दादा साहब फाल्के पुरस्कार

    FILM; अनंत नाग को मिला दादा साहब फाल्के पुरस्कार

    FILM; मुसाफिर कैफे.. एक सार्थक सच

    FILM; मुसाफिर कैफे.. एक सार्थक सच

    Hanuman Ansh: फिल्म हनुमान अंश को छत्तीसगढ़ में टैक्स फ्री करने की घोषणा

    Hanuman Ansh: फिल्म हनुमान अंश को छत्तीसगढ़ में टैक्स फ्री करने की घोषणा