0 कांग्रेस का आरोप- भ्रष्टाचार का पीपीपी मॉडल छत्तीसगढ़ स्वास्थ्य विभाग का
रायपुर,अस्पतालों की पैथोलॉजी को ठेके पर दिये जाने पर प्रदेश कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता सुरेन्द्र वर्मा ने कहा कि यह भ्रष्टाचार का पीपीपी मॉडल है, कंडोम बनाने वाली कंपनी को टेस्ट का ठेका दे दिया। यह कंपनी है तो सरकारी, लेकिन ठेकेदार से काम करायेगी। लैब की जगह, कर्मचारी लगने वाली मशीनें सभी सरकार मुफ्त में देगी और ठेका कंपनी जांच करेगी और जांच में लगने वाली फीस का भुगतान भी सरकार करेगी। यह ठेका स्वास्थ्य विभाग के भ्रष्टाचार का अभिनव पहल है।
प्रवक्ता सुरेन्द्र वर्मा ने कहा कि स्वास्थ्य विभाग लोगो के इलाज की दिशा तय करने नही बल्कि भ्रष्टाचार करने की रोज नये अवसर खोजता है। बिना किसी टेंडर के एच.एल.एन को ठेका दिया तथा एच.एल.एन ने महाराष्ट्र की कंपनी को ठेका दे दिया।
जब मशीने सरकारी है, लैब के लिये स्थान भी सरकार देगी तथा टेक्नीशियन भी सरकार ही देगी तथा जांच की फीस भी सरकारी है तो ठेका कंपनी को केवल बिल काटने के लिये रखा गया है। राज्य में जब से भाजपा की सरकार बनी है, स्वास्थ्य विभाग भ्रष्टाचार का केंद्र बन चुका है। भ्रष्टाचार स्वास्थ्य विभाग की पहचान बन गयी है।
प्रवक्ता ने कहा कि पैथालॉजी ठेको को निरस्त करने की मांग कांग्रेस पार्टी करती है, सरकार प्रदेश के सभी अस्पतालों के पैथालॉजी का संचालन खुद करवाये, ठेके और कमीशनखोरी के खेल पर रोक लगाई जाये। दवा के नाम पर ज़हर दिया जा रहा है, नकली अमानक, गुणवत्ताहीन, फंगस लगे दवा का वितरण मरीजों को किया जा रहा था, इतने गंभीर विषय पर यह सरकार गंभीर नहीं है, महिनो बाद तक न किसी की जिम्मेदारी तय की गई, न ही कोई कार्यवाही हुई।






