रायपुर, प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी ने छत्तीसगढ़ को एटीएम बना लिया है। अब एक नया खुलासा हुआ है जिसमें सारे नियम कायदे को ताक पर रखकर आबकारी विभाग में मेनपावर सप्लाई को ठेका भाजपा के एक राष्ट्रीय सचिव की कंपनी को दे दिया गया। आबकारी विभाग में मेनपावर सप्लाई का 300 करोड़ रू. टेंडर हुआ, जिसमें 148 कंपनियो ने भाग लिया। इसमें से चयनित दो कंपनी एसआईएस कैश सर्विसेस लिमिटेड तथा डस्टर टोटल सॉल्यूशन सर्विसेस प्रा. लि. एक मालिक की है। दोनों के मालिक भाजपा के राष्ट्रीय सचिव है, जो गुजरात से आते है। जबकि टेंडर की शर्तों मे साफ लिखा था कि एक मालिक की दो कंपनी का चयन नहीं हो सकता है।
दीपक बैज ने कहा कि गुजरात के किस प्रभावशाली नेता के ईशारे पर यह काम दिया गया, प्रदेश की जनता जानना चाहती है। ईडी, ईओडब्लू और सीबीआई क्या मेनपावर सप्लाई के ठेके की गड़बड़ी का भी जांच करेगी। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि पहले खुलासा हुआ कि भाजपा के एक राष्ट्रीय नेता ने छत्तीसगढ़ में सत्ता में हुये लोगो 1500 करोड़ रू. मांगा इसका वीडियो भी वायरल हुआ था, इस बारे में सरकार के तरफ से कोई स्पष्टीकरण नहीं आया। मुख्यमंत्री कार्यालय का सोशल मीडिया देख रहे एक व्यक्ति की गिरफ्तारी की भी खूब चर्चा में थी। छत्तीसगढ़ से लगातार नोटों से भरी गाड़ी गुजरात के लिये जाते हुये पकड़ाना संयोग मात्र नहीं है। लोग जानना चाहते है गुजरात किसके पास यह पैसा भेजा जा रहा था।
प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील शुक्ला ने कहा कि भाजपा के राष्ट्रीय मंत्री को फायदा पहुंचाने के साथ-साथ इस टेंडर में कमीशनखोरी का बड़ा खेल हुआ है। यह टेंडर छत्तीसगढ़ में सरकार प्रायोजित लूट का बड़ा उदाहरण है। भाजपा सरकार में संगठित लूट का गिरोह चल रहा है, राष्ट्रीय पदाधिकारी उसके सरगना है। प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष ने कहा कि यह पहली बार नहीं है, पहले भी वनरक्षक भर्ती और पुलिस आरक्षक भर्ती प्रक्रिया में संघियों के द्वारा संचालित हैदराबाद की अनुभवहीन आईटी कंपनी को शामिल करके बड़े पैमाने पर धांधली की गयी, छत्तीसगढ़ के युवाओं के सरकारी नौकरी के अधिकार को बेचा गया, फिजिकल परीक्षा के अंकों में गड़बड़ी की गयी।







