अहमदाबाद, भारत ने वो कर दिखाया, जो दुनिया की किसी टीम ने आज तक नहीं किया था. टीम इंडिया तीसरी बार टी-20 चैंपियन बनने वाली दुनिया की पहली टीम बन चुकी है. न्यूजीलैंड को 2026 टी-20 वर्ल्ड कप के फाइनल में हराते ही भारत टाइटल डिफेंड करने वाली भी पहली टीम बन गई. अब सूर्यकुमार यादव का नाम महेंद्र सिंह धोनी और रोहित शर्मा जैसे वर्ल्ड चैंपियन कप्तानों के साथ लिया जाएगा.

लगातार दूसरा और कुल तीसरा वर्ल्ड कप जीतने वाली भारत पहली टीम
इसी के साथ टीम इंडिया ने इतिहास भी रच दिया. भारत ने न सिर्फ फाइनल में न्यूजीलैंड को रौंदा बल्कि कई रिकॉर्ड भी अपने नाम किए. आज से पहले किसी टीम ने लगातार दो ट्रॉफी नहीं जीती थी. यानी भारत अपना टाइटल डिफेंड करने वाली दुनिया की पहली टीम बन चुकी है. इतना ही नहीं अपने घर पर भी किसी टीम ने वर्ल्ड कप नहीं जीता था. सूर्यकुमार यादव की कप्तानी में टीम ने वो कमाल भी कर दिया. अब भारत सबसे ज्यादा तीन बार टी-20 वर्ल्ड कप जीतने वाली टीम बन चुकी है. इसके बाद वेस्टइंडीज ने दो बार खिताब अपने नाम किया है.

इतिहास के पन्नों में दर्ज हुए ये नाम… संजू से लेकर ईशान तक, इन हीरोज ने बनाया भारत को टी20 में तीसरी बार वर्ल्ड चैंपियन
आईसीसी टी20 विश्व कप 2026 के फाइनल में भारत ने न्यूजीलैंड को 96 रनों से धो दिया. इस पूरे टूर्नामेंट में टीम इंडिया ने जबरदस्त खेल दिखाया. सुपर-8 में साउथ अफ्रीका के खिलाफ मुकाबले को छोड़ दें तो हर मैच में कोई ना कोई खिलाड़ी हीरो बनकर उभरा और उसने टीम इंडिया को जीत दिलाई. ऐसे में आइए जानते हैं टूर्नामेंट के उन्हीं हीरो के बारे में जिनके दमपर भारत ने रिकॉर्ड तीसरी बार टी20 क्रिकेट में विश्व चैंपियन है.
संजू सैमसन
इस लिस्ट में पहला नाम विकेटकीपर बल्लेबाज संजू सैमसन का है. हालांकि, शुरुआत में संजू को ज्यादा मौका नहीं मिला था, लेकिन सुपर-8 में जैसे ही उनकी वापसी हुई उन्होंने टीम इंडिया की तकदीर ही बदल दी और वह सबसे बड़े मैच-विजेता बनकर उभरे हैं. सेमीफाइनल में इंग्लैंड के खिलाफ उन्होंने मात्र 42 गेंदों में 89 रनों की तूफानी पारी खेलकर भारत को विशाल स्कोर तक पहुंचाया. सेमीफाइनल के बाद न्यूजीलैंड के खिलाफ फाइनल में भी उन्होंने अपनी फॉर्म जारी रखी और 46 गेंदों में 89 रनों की एक और मास्टर क्लास पारी खेली, जो किसी भी टी20 विश्व कप फाइनल में किसी भारतीय का सर्वोच्च व्यक्तिगत स्कोर है. इस संजू ने बैक टू बैक तीन फिफ्टी लगाई, जिससे भारतीय टीम चैंपियन बन पाई. संजू सैमसन टूर्नामेंट में तीसरे सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज रहे. संजू ने 5 मैच में 321 रन बनाए.
जसप्रीत बुमराह
इस लिस्ट में दूसरा नाम टीम इंडिया के यॉर्कर किंग जसप्रीत बुमराह का नाम है. बुमराह ने टी20 विश्व कप फिर से दुनिया को बताया वे सर्वश्रेष्ठ गेंदबाज क्यों हैं. सेमीफाइनल में जहां रनों की बारिश हो रही थी, वहां बुमराह ने 4 ओवर में मात्र 33 रन देकर 1 विकेट लिया और विपक्षी टीम पर दबाव बनाए रखा. फाइनल में भी जब कीवी बल्लेबाज तेजी से रन बना रहे थे, उन्होंने रचिन रवींद्र जैसे महत्वपूर्ण बल्लेबाज का विकेट लेकर मैच का रुख मोड़ दिया. टूर्नामेंट के दौरान उनकी इकॉनमी रेट और डेथ ओवर्स में सटीक यॉर्कर भारत के लिए ब्रह्मास्त्र साबित हुए, जिससे विरोधी टीम बड़े लक्ष्यों का पीछा करने में विफल रही. फाइनल में बुमराह ने 4 ओवर में 15 रन देकर 4 विकेट लिए. इस तरह बुमराह टूर्नामेंट में सबसे ज्यादा 14 विकेट लेकर लेकर वरुण चक्रवर्ती के साथ टॉप रहे.

ईशान किशन
आईसीसी टी20 विश्व कप 2026 में ईशान किशन टीम इंडिया के लिए तुरुप का इक्का साबित हुए और अपनी वापसी को उन्होंने यादगार बना दिया. सेमीफाइनल में उन्होंने संजू के साथ मिलकर महत्वपूर्ण साझेदारी की और 18 गेंदों में 39 रनों की तेजतर्रार पारी खेली. फाइनल में उन्होंने अपनी जिम्मेदारी को और बेहतर तरीके से निभाया और तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी करते हुए मात्र 25 गेंदों में 54 रन जड़ दिए. उनकी इस पारी ने भारतीय पारी को वह गति दी, जिससे टीम 255 रनों के रिकॉर्ड स्कोर तक पहुंचने में सफल रही. इसके अलावा ईशान ने फील्डिंग में दो बेहतरीन कैच लपकर टीम इंडिया की जीत को तय किया. टूर्नामेंट ईशान किशन 317 रन के साथ चौथे सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज रहे.
अक्षर पटेल
टी20 विश्व कप 2026 में अक्षर पटेल कप्तान सूर्यकुमार यादव के ट्रम्प कार्ड साबित हुए. सेमीफाइनल में उनकी गेंदबाजी से ज्यादा उनकी जादुई फील्डिंग चर्चा में रही, जहां उन्होंने दो अविश्वसनीय कैच पकड़कर मैच का पासा पलट दिया. फाइनल में उन्होंने अपनी फिरकी का जादू दिखाया और पावरप्ले में ही फिन एलन और ग्लेन फिलिप्स जैसे खतरनाक बल्लेबाजों को आउट कर कीवी टीम की कमर तोड़ दी. बल्ले और गेंद दोनों के साथ उनकी उपयोगिता ने टीम इंडिया को उन्होंने बेहतरीन संतुलन दिया, जिसके कारण विरोधियों के लिए वह काल बने. गेंदबाजी में अक्षर ने 7 मैच में 11 विकेट अपने नाम किए.
हार्दिक पांड्या
हार्दिक पंड्या ने इस पूरे टूर्नामेंट में एक बेतरीन ऑलराउंडर की भूमिका निभाई. सेमीफाइनल में इंग्लैंड के खिलाफ उन्होंने आखिरी ओवर में छक्का जड़कर न केवल स्कोर को 250 के पार पहुंचाया, बल्कि गेंदबाजी में 19वां ओवर फेंकते हुए एक शानदार रन-आउट भी किया, जिसने भारत की जीत पक्की की. फाइनल में भी उन्होंने बल्ले से योगदान देने के साथ-साथ गेंदबाजी में महत्वपूर्ण विकेट चटकाए. कठिन परिस्थितियों में शांत रहकर प्रदर्शन करने की उनकी क्षमता ने उन्हें टीम का सबसे भरोसेमंद खिलाड़ी बनाए रखा.
भारत के वर्ल्ड कप विजेता कप्तान
| वर्ल्ड कप | कप्तान |
| वर्ल्ड कप 1983 | कपिल देव |
| टी-20 वर्ल्ड कप 2007 | एमएस धोनी |
| वर्ल्ड कप 2011 | एमएस धोनी |
| टी-20 वर्ल्ड कप 2024 | रोहित शर्मा |
| महिला वर्ल्ड कप 2025 | हरमनप्रीत कौर |
| टी-20 वर्ल्ड कप 2026 | सूर्यकुमार यादव |
शिवम दुबे
शिवम दुबे ने अपनी पावर-हिटिंग से भारतीय मध्यक्रम को एक नई ऊंचाई दी. सेमीफाइनल में उन्होंने नंबर 4 पर प्रमोट किए जाने के फैसले को सही साबित करते हुए 25 गेंदों में 43 रन बनाए, लेकिन उनकी असली चमक फाइनल में दिखी, जहां उन्होंने पारी के आखिरी ओवर में जेम्स नीशम की गेंदों पर लगातार प्रहार करते हुए मात्र 8 गेंदों में 26 रन कूट डाले. उनकी इस छोटी लेकिन बेहद प्रभावशाली पारी की बदौलत ही भारत टी20 विश्व कप फाइनल के इतिहास का सबसे बड़ा स्कोर बनाने में सफल रहा.







