दुर्ग, छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले के भिलाई क्षेत्र में एक पॉश कॉलोनी में चल रहे कथित सेक्स रैकेट का पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। स्मृति नगर चौकी पुलिस और महिला रक्षा टीम ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए एक किराए के मकान से आठ युवतियों को बरामद किया। पुलिस ने मौके से एक महिला संचालिका और एक ग्राहक को गिरफ्तार किया है।
पुलिस के अनुसार, नेहरू नगर स्थित विद्या विहार कॉलोनी के मकान नंबर 146/8 में पिछले करीब तीन महीनों से यह अवैध गतिविधि संचालित हो रही थी। मकान को धनवंती रावत उर्फ रीना सिंह रावत (35) ने किराए पर लिया था। आरोप है कि वह बाहर से युवतियों को बुलाकर उन्हें ग्राहकों के पास भेजने का काम कर रही थी।

मामले का खुलासा तब हुआ जब पुलिस को इस गतिविधि की गोपनीय सूचना मिली। इसके बाद टीम ने प्वाइंटर भेजकर ग्राहकों से संपर्क कराया और योजना के तहत मंगलवार रात छापा मारा। छापेमारी के दौरान कमरे में कई युवतियां और एक ग्राहक आपत्तिजनक हालत में मिले। आसपास के लोगों ने भी बताया कि इस मकान में पिछले कुछ समय से संदिग्ध गतिविधियां चल रही थीं।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, बरामद युवतियों में ज्यादातर पश्चिम बंगाल की रहने वाली हैं, जबकि कुछ छत्तीसगढ़ के विभिन्न जिलों से लाई गई थीं। पूछताछ में सामने आया कि उन्हें यहां कुछ दिन के लिए रखा जाता था और फिर ग्राहकों के पास दो से तीन दिन के लिए भेजा जाता था। पुलिस अब इस नेटवर्क के अन्य संभावित ठिकानों और इसमें शामिल लोगों की जांच कर रही है।

कार्रवाई के दौरान पुलिस ने एक बाइक, 12 मोबाइल फोन, करीब 5,500 रुपये नकद और कथित देह व्यापार से संबंधित सामग्री भी जब्त की है। मौके से हुक्का समेत अन्य सामान भी मिला है। अधिकारियों का कहना है कि बरामद युवतियों को आवश्यक कानूनी प्रक्रिया के बाद अदालत के निर्देशों के अनुसार रिहा किया गया।
दुर्ग के सिविल लाइन क्षेत्र के सीएसपी सत्यप्रकाश तिवारी ने बताया कि प्रारंभिक पूछताछ में यह सामने आया है कि इस नेटवर्क के जरिए लड़कियों को अन्य स्थानों पर भी भेजा जाता था। पुलिस इस पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने की कोशिश कर रही है।फिलहाल गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।







