महासमुंद, छत्तीसगढ के महासमुंद जिले के बसना अनुविभाग में आज सुशासन तिहार के दौरान एक प्रेरणादायी और अनोखी पहल देखने को मिली। अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) हरिशंकर पैकरा, तहसीलदार के.के. साहू तथा जनपद पंचायत सीईओ पीयूष ठाकुर सहित 23 सदस्यीय अधिकारी-कर्मचारियों की टीम एक साथ बस में सफर कर सुशासन तिहार शिविर हेतु ग्राम नगौड़ी पहुँची।
यह केवल साधारण यात्रा तक सीमित नहीं रही, बल्कि वर्तमान समय में ईंधन संरक्षण, पर्यावरण सुरक्षा एवं शासकीय कार्यों में मितव्ययिता का एक सशक्त संदेश बनकर उभरा है। तत्कालीन सीएम डा रमन सिंह के कार्यकाल में भी कर्मचारी अधिकारी एक ही बस में शिविर में पहुंचते थे। बहराहाल प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा संसाधनों के विवेकपूर्ण उपयोग एवं जनहित में जिम्मेदार व्यवहार की अपील को व्यवहार में उतारते हुए बसना प्रशासन ने यह पहल किया। उल्लेखनीय है कि कलेक्टर विनय लंगेह ने कल ही समय-सीमा की बैठक में सभी विभागों को शासकीय कार्यों में मितव्ययिता बरतने तथा अनावश्यक व्यय कम करने के निर्देश दिए थे। इन्हीं निर्देशों के पालन में बसना अनुविभाग की टीम ने सामूहिक बस यात्रा को अपनाया।
अनुविभागीय अधिकारी हरिशंकर पैकरा ने कहा कि प्रशासन का एक महत्वपूर्ण अंग होने के नाते हमारी जिम्मेदारी है कि शासन के निर्देशों का पालन करते हुए समाज के सामने सकारात्मक उदाहरण प्रस्तुत करें। उन्होंने कहा कि सामूहिक यात्रा से न केवल ईंधन की बचत होती है, बल्कि आपसी समन्वय और टीम भावना भी मजबूत होती है। इस यात्रा को अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने सुखद और उपयोगी बताया। सभी ने इस पहल का स्वागत करते हुए भविष्य में भी सुशासन तिहार एवं अन्य शासकीय कार्यक्रमों में सामूहिक बस यात्रा को प्राथमिकता देने की बात कही।






