अंबिकापुर, छत्तीसगढ़ में अवैध उर्वरक परिवहन एवं विक्रय के विरुद्ध सख्त कार्रवाई लगातार जारी है। इसी क्रम में सरगुजा के बलरामपुर जिले में कृषि एवं पुलिस विभाग की संयुक्त टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए बिना वैध दस्तावेजों के परिवहन किए जा रहे 240 बोरी जैविक खाद से भरे एक ट्रक को जब्त किया है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार 08 जुलाई को थाना बसंतपुर पुलिस को अवैध उर्वरक परिवहन की सूचना मिली। सूचना के आधार पर वाहन क्रमांक सीजी-04 पीयू-5217 की जांच की गई। जांच के दौरान चालक जैविक खाद के परिवहन संबंधी कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका। इसके बाद पुलिस ने वाहन को अभिरक्षा में लेकर कृषि विभाग को सूचित किया।
कृषि विभाग की टीम द्वारा वाहन का निरीक्षण करने पर उसमें 240 बोरी जैविक खाद परिवहन करते हुए पाया गया। नियमानुसार खाद का नमूना लेकर परीक्षण के लिए भेजा गया है। प्रारंभिक जांच में उक्त जैविक खाद हरियाली एग्रो, गोरखपुर (उत्तर प्रदेश) द्वारा निर्मित होना पाया गया, जिस पर निर्माण माह मई 2026 अंकित है।कृषि एवं पुलिस विभाग की संयुक्त उपस्थिति में वाहन को जब्त कर आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की गई है। उप संचालक कृषि ने बताया कि प्रकरण में उर्वरक (नियंत्रण) आदेश, 1985 एवं प्रचलित नियमों के तहत आगे की कार्रवाई की जा रही है।
टोकन सिस्टम से किसानों को मिलेगा समय पर खाद, कालाबाजारी पर लगेगी रोक,मोबाइल ऐप से होगी खाद की बुकिंग
बरसात में किसानों को समय पर खाद उपलब्ध कराने और उर्वरकों की कालाबाजारी रोकने के लिए बीजापुर जिले में नई डिजिटल खाद वितरण व्यवस्था शुरू की गई है। भारत सरकार के उर्वरक एवं रसायन मंत्रालय की फ्रेमवर्क फॉर फर्टिलाइजर सेल (एफएफएस) योजना के तहत बीजापुर को पायलट जिले के रूप में चुना गया है। यह नई व्यवस्था 7 जुलाई 2026 से लागू हो गई है। नई व्यवस्था के तहत किसान अपने मोबाइल फोन से फ्रेमवर्क फॉर फर्टिलाइजर सेल (एफएफएस) ऐप के माध्यम से निकटतम उर्वरक विक्रय केंद्र पर खाद की बुकिंग कर सकेंगे। बुकिंग के बाद उन्हें एक क्यूआर कोड आधारित टोकन मिलेगा, जिसके आधार पर निर्धारित समय पर खाद प्राप्त किया जा सकेगा।
तीन दिन तक मान्य रहेगा टोकन
जारी किया गया टोकन तीन दिनों तक मान्य रहेगा। यदि किसान इस अवधि में खाद प्राप्त नहीं करते हैं, तो टोकन स्वतः निरस्त हो जाएगा। इससे जरूरतमंद किसानों को समय पर खाद उपलब्ध कराने में सुविधा होगी।







