GST; 14 करोड़ की जीएसटी चोरी में विजय लक्ष्मी ट्रेड कंपनी का संचालक संतोष वाधवानी गिरफ्तार

DGGI रायपुर की बड़ी कार्रवाई
रायपुर, माल एवं सेवा कर आसूचना महानिदेशालय (डीजीजीआई) रायपुर जोनल यूनिट ने बड़ी कार्रवाई करते हुए संतोष वाधवानी को गिरफ्तार किया है। आरोपी अपने बेटे के नाम पर पंजीकृत फर्म मेसर्स विजय लक्ष्मी ट्रेड कंपनी का संचालन कर रहा था। उसे 29 जनवरी की शाम लगभग 9 बजे रायपुर से बड़े पैमाने पर कर चोरी के मामले में कथित संलिप्तता के आरोप में गिरफ्तार किया गया है।
जांच में सामने आया है कि इस मामले में फर्जी इनवॉइस का मूल्य लगभग 80 करोड़ रुपये है और कर चोरी की राशि 14 करोड़ रुपये है। आरोपी द्वारा बिना किसी माल या सेवा की वास्तविक आपूर्ति किए फर्जी इनवॉइस के माध्यम से इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) का लाभ उठाते हुए पाया गया, जिससे सरकारी खजाने को काफी नुकसान हुआ।
विश्वसनीय खुफिया जानकारी और डेटा एनालिटिक्स के आधार पर माल एवं सेवा कर आसूचना महानिदेशालय (डीजीजीआई) रायपुर जोनल यूनिट के समस्त अधिकारियों ने एक विस्तृत जांच की, जिसमें आपूर्तिकर्ताओं के बैंक स्टेटमेंट और करदाता के ई-वे बिल डेटा और अन्य वित्तीय लेनदेन की जांच करने के बाद, यह निष्कर्ष निकाला गया कि आरोपी फर्जी इनवॉइस के आधार पर फर्जी इनपुट टैक्स क्रेडिट का लाभ उठाने में लिप्त था।
पर्याप्त सबूत इकट्ठा करने के बाद, चूंकि इनपुट टैक्स क्रेडिट की राशि 5 करोड़ से अधिक हैं, इसलिए आरोपी को सीजीएसटी अधिनियम, 2017 की धारा 69 के प्रावधानों के तहत अधिनियम की धारा 132 के तहत दंडनीय अपराध करने के लिए गिरफ्तार किया गया। संतोष वाधवानी को रायपुर जिला न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया और गिरफ्तार व्यक्ति को 30 जनवरी की शाम को रायपुर की सेंट्रल जेल ले जाया गया।
वस्तु एवं सेवा कर डीजीजीआई रायपुर जोनल यूनिट, विभाग कर चोरी और अवैध वित्तीय गतिविधियों के खिलाफ अपना अभियान जारी है। जीएसटी कानूनों का सख्ती से अनुपालन सुनिश्चित किया जा रहा है। विभाग व्यवसायों से कर नियमों का पालन करने का आग्रह किया है और धोखाधड़ी वाली गतिविधियों में शामिल होने के खिलाफ चेतावनी भी दी है। इस मामले में अन्य संभावित सहयोगियों की पहचान करने के लिए आगे की जांच चल रही है।




