रायपुर. आसन्न विधान सभा चुनाव की तैयारी में जुटी भारतीय जनता पार्टी ने अब रूठे हुए कार्यकर्ताओं को मनाना शुरु कर दिया है। इसी बहाने अब उनकी बातों को सुनने एवं उनकी समस्याओं को दूर करने की योजना बनाई गई है, ताकि उन्हें पार्टी की मुख्यधारा में जोडा जा सके। हालाकि इसके लिए कार्यकत्ताओं को पंजीयन भी कराना पडेगा।
पार्टी सूत्रों के अनुसार गुटबाजी में फंसे पार्टी नेताओं एवं कार्यकर्ताओं के काम नहीं हो रहे है। आब निगम मंडल में भी नियुक्तियां हो गई है। इसलिए अब कोई पद की संभावना भी नहीं बची है। इसके चलाते अब नेता कार्यकर्ता सभी अपनी ढपली अपना राग अलापने लगे है। पार्टी लाइन से अलग चल रहे नेताओं के समर्थकों के काम जाहिर तौर पर नहीं हो रहे है। इसके कारण वे पार्टी से नाराज है। कई विधायक भी नाराज बताए गए है, जिन्हे पार्टी में महत्व नहीं मिल रहा है। कुछ नेताओं से मंत्री भी दूरी बनाकर चल रहे है। ऐसे में नाराज कार्यकर्ताओं को मनाने की कवायद तेज हो गई है।
बहारहाल भाजपा के प्रदेश कार्यालय कुशाभाऊ ठाकरे परिसर में दोबारा सहयोग केंद्र की शुरुआत सोमवार 3 अगस्त से होने जा रही है। इसमें 3 से 7 अगस्त तक कैबिनेट मंत्रियों के बैठने का सिलसिला चलेगा। इस दौरान वे कार्यकर्ताओं और पार्टीजनों की समस्याएं सुनेंगे.। सहयोग केंद्र प्रभारी सच्चिदानंद उपासने के मुताबिक सहयोग केंद्र में आगामी 3 अगस्त से लगातार पांच दिन राज्य सरकार के मंत्री दोपहर 3 से 5 बजे तक प्रदेश भर से आने वाले कार्यकर्ताओं की समस्याएं सुनेंगे। साथ ही इसके निराकरण की पहल भी करेंगे. इसके लिए कार्यकर्ताओं को दोपहर 2 बजे से 3 बजे तक प्रदेश कार्यालय आकर पंजीयन कराना होगा। आबंटित टोकन के आधार पर क्रमशः सुनवाई होगी।
बताया गया है कि सहयोग केंद्र में 3 अगस्त को मंत्री गुरु खुशवंत साहेब, 4 अगस्त को स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल, 5 अगस्त को शिक्षा मंत्री गजेंद्र यादव, 6 अगस्त को राजस्व मंत्री टंकराम वर्मा और 7 अगस्त को कृषि मंत्री रामविचार नेताम उपस्थित रहेंगे।







