
बलौदाबाजार, छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार में शिक्षिका काजल ठाकुर का शव उसके ही कमरे में फांसी के फंदे पर लटका मिला था। इस मामले में पुलिस ने खुलासा करते हुए बताया कि शादी का झांसा देकर शिक्षक ने शिक्षिका से शारीरिक संबंध बनाया और गर्भवती होने पर शादी से इंकार कर दिया। इसके चलते शिक्षिका ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। पुलिस ने आरोपी शिक्षक अभिषेक जायसवाल को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।
मृत शिक्षिका के कमरे की गहन छानबीन पर कोतवाली पुलिस को आरोपी के विरुद्ध अहम सबूत मिले, जिसमें सुसाइड नोट, दीवारों में आरोपी का चिपका नाम सहित मोबाइल फोन शामिल हैं। इसके बाद पुलिस ने आरोपी शिक्षक अभिषेक जायसवाल को गिरफ्तार कर रिमांड में लिया है और अभी पूछताछ जारी है। पुलिस के मुताबिक आरोपी शिक्षक और शिक्षिका दोनों एक ही स्कूल में पदस्थ थे।
5 महीनों से करता रहा दुष्कर्म
प्रार्थी ने मामले की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया था कि उसकी साली एक शासकीय स्कूल में व्यावसायिक शिक्षिका के पद पर कार्यरत थी और बलौदाबाजार में किराए के मकान में रहती थी। उसी मकान के बगल वाले कमरे में आरोपी अभिषेक कुमार जायसवाल भी रहता था। आरोपी अभिषेक ने काजल को अपने प्रेमजाल में फंसाया और शादी करने का झांसा देकर पिछले 5 महीनों से लगातार दुष्कर्म किया, जिससे वह गर्भवती हो गई। जब मृतिका ने आरोपी पर शादी के लिए दबाव बनाया तो आरोपी अपनी बात से मुकर गया और उसे गाली-गलौज व मारपीट करते हुए गंभीर रूप से मानसिक प्रताड़ित करने लगा। आरोपी की इसी प्रताड़ना और धोखे से तंग आकर 22 जून 2026 को काजल अपने कमरे में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली।
सुसाइड नोट और दीवारों पर लिखा संदेश बना अहम सबूत
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर निरीक्षण किया। इस दौरान मृतिका के कमरे की दीवार पर पर्ची चिपकी मिली और अंग्रेजी के शब्दों में आरोपी अभिषेक जायसवाल द्वारा मुझे मार डाला गया लिखा मिला। मृतिका ने पर्ची में भी स्पष्ट रूप से इस बात का उल्लेख किया था कि आरोपी अभिषेक जायसवाल की लगातार प्रताड़ना और धोखे के कारण ही वह यह आत्मघाती कदम उठाने पर विवश हुई है।







