सीजन 2013 के आईपीएल में रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर और कोलकाता नाइट राइडर्स के बीच खेला गया मैच एक ऐसा मैच है जिसे रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर टीम का कोई भी खिलाड़ी याद नहीं रखना चाहेगा। इस मैच में कोलकाता नाइट राइडर्स के द्वारा बनाए गए 131 रन का पीछा करने उतरी रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर टीम को नील, वोक्स और कोलिन डी के घातक गेंदबाजी के सामने घुटने टेकने पड़ गए।
जरा सोचिए जिस टीम में आईपीएल में सर्वाधिक रन बनाने वाले विराट कोहली हो।आईपीएल के एक पारी में सर्वाधिक रन बनाने वाले क्रिस गैल हो।धमाकेदार बल्लेबाजी करने वाले ए बी डिविलियर्स सहित आक्रामक केदार जाधव हो वह टीम बीस ओवर के मैच में महज 9.4 ओवर में 49 रन बनाकर ऑल आउट हो जाए।
क्रिकेट, अनिश्चितता का खेल है इस कारण कुछ भी हो सकता है और 2013 में ऐसा हुआ भी। केकेआर जब 131 रन पर आउट हो गई तो लगा कि आरसीबी के लिए ये लक्ष्य बड़ा नहीं होगा लेकिन कप्तान विराट कोहली शून्य, क्रिस गैल सात डिविलियर्स आठ रन बनाकर आउट हो गए तो माहौल बदलने लगा। केकेआर के नील वोक्स और कोलिन ने महज 31 रन देकर आरसीबी के नौ खिलाड़ियों को पवेलियन वापस भेज दिया। कॉलिन ने 10 बॉल में चार रन खर्च कर तीन विकेट लिए।वोक्स ने दो ओवर में छह रन देकर तीन विकेट लिए। नील ने तीन ओवर में इक्कीस रन दे कर तीन विकेट लिए
इस मैच की रोचक बात ये थी कि आरसीबी का कोई भी बल्लेबाज दहाई रन तक नहीं पहुंचा था।सिर्फ 9.4 ओवर में आरसीबी 49 रन बनाकर आउट हो गई। पिछले बारह साल से आईपीएल में किसी भी टीम द्वारा बनाए गए सबसे कम रन का रिकॉर्ड आरसीबी ने अपने पास रखा है। 2026 में क्या ये रिकॉर्ड कोई और टीम अपने नाम करना चाहेगी?
स्तंभकार-संजयदुबे







