0 कृषि महाविद्यालय को श्रेणी-ए में स्थान
नारायणपुर, देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ प्रस्तावित संवाद कार्यक्रम में नारायणपुर के कृषि महाविद्यालय एवं अनुसंधान केंद्र की सहभागिता जिले के लिए गौरव का विषय बन गई है। भोपाल क्षेत्रीय निदेशालय द्वारा चयनित 18 संस्थानों में नारायणपुर के कृषि महाविद्यालय को श्रेणी-ए में स्थान दिया गया है। दूरस्थ एवं जनजातीय अंचल से राष्ट्रीय मंच तक पहुंची यह उपलब्धि नारायणपुर की युवा प्रतिभा, कृषि शिक्षा और राष्ट्रीय सेवा की बढ़ती पहचान को दर्शाती है।
इस महत्वपूर्ण अवसर पर कृषि विज्ञान स्नातक (ऑनर्स) के विद्यार्थी दीपक गुप्ता, अमन राज, कुमारी कविता देवांगन एवं भीवेश चंद्र देवांगन प्रधानमंत्री संवाद कार्यक्रम में सहभागिता करेंगे। ये विद्यार्थी नारायणपुर की युवा शक्ति, कृषि शिक्षा तथा जनजातीय अंचल की आकांक्षाओं का प्रतिनिधित्व करेंगे। महाविद्यालय की ओर से चयन सूची में बस्तर विश्वविद्यालय के राष्ट्रीय सेवा योजना समन्वयक एवं एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. सज्जीवन कुमार तथा राष्ट्रीय सेवा योजना कार्यक्रम अधिकारी एवं अधिष्ठाता डॉ. रत्ना नशीने भी उपस्थित रहेंगी।
उल्लेखनीय है कि डॉ. रत्ना नशीने को राष्ट्रीय सेवा योजना के क्षेत्र में राष्ट्रीय स्तर पर सम्मानित किया जा चुका है। उनके नेतृत्व में महाविद्यालय की राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई द्वारा सामाजिक जागरूकता, पर्यावरण संरक्षण, नशा मुक्ति, स्वास्थ्य जागरूकता, ग्रामीण विकास एवं जनसेवा के क्षेत्र में निरंतर उल्लेखनीय गतिविधियां संचालित की जा रही हैं। इस अवसर पर डॉ. रत्ना नशीने ने राज्य राष्ट्रीय सेवा योजना अधिकारी डॉ. नीता बाजपेयी, क्षेत्रीय निदेशक डॉ. अशोक शौरोती, इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय, रायपुर के कुलपति डॉ. गिरीश चंदेल, छात्र कल्याण अधिष्ठाता डॉ. संजय शर्मा तथा राष्ट्रीय सेवा योजना समन्वयक डॉ. सुभाषी निषाद के प्रति आभार व्यक्त किया।
डॉ. नशीने ने कहा कि “प्रधानमंत्री के साथ संवाद का अवसर विद्यार्थियों के लिए गौरवपूर्ण एवं प्रेरणादायी है। यह अवसर उन्हें देश के सर्वोच्च नेतृत्व से सीधे संवाद करने, अपनी सोच एवं अनुभव साझा करने तथा राष्ट्र निर्माण में युवाओं की भूमिका को और अधिक प्रभावी ढंग से समझने की प्रेरणा देगा।”प्रधानमंत्री संवाद कार्यक्रम के लिए कृषि महाविद्यालय के चयन से नारायणपुर के विद्यार्थियों, अधिकारियों-कर्मचारियों एवं नागरिकों में उत्साह का वातावरण है। विशेष रूप से जनजातीय एवं दूरस्थ अंचल के विद्यार्थियों को राष्ट्रीय स्तर के प्रतिष्ठित कार्यक्रम में सहभागिता का अवसर मिलना महाविद्यालय परिवार के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि है।







